अंबिकापुर,23 मार्च 2025 (घटती-घटना)। भारतीय जननाट्य संघ (इप्टा) अंबिकापुर ने 23 मार्च की सुबह देश की आजादी के लिए अपने प्राणों की आहुति देने वाले शहीदे आजम भगत सिंह सुखदेव और राजगुरु को प्रात: प्रभात फेरी के 39 वें वर्ष में याद किया। साथ ही गदर पार्टी, जलियांवाला बाग, और काकोरी कांड के शहीदों सहित शहीद करतार सिंह,भगवती चरण वोहरा, दुर्गा भाभी, चंद्रशेखर आजाद, अशफाक उल्ला खां, राम प्रसाद बिस्मिल इत्यादि अनेकानेक शहीदों को याद किया। भगत सिंह, सुखदेव और राजगुरु की तस्वीर लिए नागरिकों, छात्र-छात्राओं ने इन शहीदों को याद करते हुए साम्राज्यवाद का नाश हो और समाजवाद के पक्ष में नारे लगाते हुए गांधी चौक से लेकर शहर के मध्य भाग महामाया चौक तक प्रभात फेरी निकाली। जितेंद्र सिंह सोढ़ी ने बताया कि शहीदों ने समाजवादी व्यवस्था की कल्पना की थी ,जिसमें सभी को उनकी मेहनत का हक मिले, एक व्यक्ति दूसरे व्यक्ति का शोषण न कर सके तथा अमीरी -गरीबी का भेद न हो, लोग परस्पर मिलजुल कर रहें। इप्टा अंबिकापुर के अध्यक्ष अंजनी पांडे तथा सचिव संदीप सिन्हा ने समूचे कार्यक्रम का संचालन करते हुए रास्ते भर में उन शहीदों को याद किया। उन्होंने कहा कि, जो भूल जाने के कगार पर थे उन्हें याद रखना बहुत जरूरी है। महामाया चौक पर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित कर 2 मिनट का मौन धारण किया गया तथा इप्टा द्वारा जारी पर्चे का पाठ किया गया। इस अवसर पर नगर में शहीदों की प्रतिमा स्थापित करने एवं शहीद पार्क बनाने की विशेष मांग रखी गई। इस मौके पर प्रवीण प्रताप सिंह, आशीष श्रीवास्तव, वेद प्रकाश अग्रवाल, राजेश मिश्र, रामकुमार मिश्र तथा विजय गुप्त, सर्वेश्वरी समूह के राधा गोविंद सिंह, चंद्र प्रकाश शुक्ला, बाल सिंह, जितेंद्र सिंह सोढ़ी, चरनप्रीत सिंह, सौरभ फिलिप , कृष्णानंद तिवारी, जयेश वर्मा, कृपाल सिंह, सोनू भामरा, देवराज बाबरा, सतपाल सिंह, दीपक वासुले, तरनजीत, डॉ अभय शुक्ला, संजय मनवानी, प्रकाश नारायण सिंह हरिशंकर त्रिपाठी, वंदना दाा, तपन बनर्जी उपस्थित थे। रैली का संयोजन प्रितपाल सिंह अरोड़ा सहित विभिन्न स्कूल के छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।
