मोदी सरकार के मंत्रीमंडल ने लिया बड़ड़ा फैसला…मिलेगा कई फायदा

नई दिल्ली,19 मार्च 2025 (ए)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को यूपीआई पेमेंट पर बड़ा फैसला हुआ है। सरकार ने यूपीआई पेमेंट को बढ़ावा देने के लिए इंसेंटिव (प्रोत्साहन) योजना शुरू की है, जिससे डिजिटल भुगतान को बढ़ावा मिलेगा और कम मूल्य वाले यूपीआई लेनदेन को प्रोत्साहित किया जाएगा। दरअसल,वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए कम मूल्य वाले ख्॥ढ्ढरू-क्कढ्ढ लेनदेन जो किसी व्यक्ति से व्यापारी या मर्चेंट यानी 2रू को किए गए हैं उनको बढ़ावा देने के लिए 1,500 करोड़ रुपये के अनुमानित इंसेंटिव स्कीम को मंजूरी दी है। यह योजना 1 अप्रैल, 2024 से 31 मार्च, 2025 तक चलेगी। सरकार इस योजना पर लगभग 1,500 करोड़ रुपये खर्च करेगी। आइए जानते हैं इससे कैसे फायदा होगा?
किसको होगा फायदा?
योजना के तहत, 2,000 रुपए तक के यूपीआई लेनदेन के लिए प्रोत्साहन प्रदान किया जाएगा, जिससे विशेष रूप से छोटे व्यापारियों को लाभ होगा। सरकार का लक्ष्य व्यापारियों और उपभोक्ताओं पर वित्तीय बोझ को कम करते हुए डिजिटल भुगतान की पहुंच बढ़ाना है। छोटे व्यापारियों के लिए 2,000 तक के यूपीआई (पी2एम) लेनदेन पर प्रति लेनदेन मूल्य 0.15 प्रतिशत का प्रोत्साहन। सभी श्रेणियों में लेनदेन के लिए शून्य मर्चेंट डिस्काउंट रेट (एमडीआर),लागत-मुक्त डिजिटल लेनदेन सुनिश्चित करना। एडमिटेड क्लेम अमाउंट का 80 प्रतिशत अधिग्रहण बैंकों द्वारा हर तिमाही में बिना किसी शर्त के वितरित किया जाएगा. बाकी जा बचा 20 प्रतिशत तभी जारी किया जाएगा जब बैंक तकनीकी गिरावट 0.75 प्रतिशत से नीचे और सिस्टम अपटाइम 99.5 प्रतिशत से ऊपर बनाए रखेंगे।
आप इसे ऐसे समझ सकते हैं कि अगर कोई ग्राहक 1000 रुपये का सामान खरीदता है और क्कढ्ढ से पेमेंट करता है, तो दुकानदार को 1.5 रुपये का इंसेंटिव मिलेगा. इसके साथ ही बैंकों को भी इंसेंटिव मिलेगा। सरकार, बैंकों के दावे की 80त्न राशि तुरंत दे देगी। सरकार का उद्देश्य डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देना और कैशलेस अर्थव्यवस्था को मजबूत करना है।
मर्चेंट डिस्काउंट रेट कर दिया जीरो
सरकार का उद्देश्य वित्त वर्ष 2024-25 में 20,000 करोड़ का लेन-देन पूरा करना हैं। पेमेंट सिस्टम ठीक रखने वालों की मदद करना. छोटे शहरों और गावों तक क्कढ्ढ को फैलाना। सिस्टम को चालू रखना और खराबी कम करना. सरकार डिजिटल पेमेंट को बढ़ावा देने के लिए काम कर रही है। पहले, क्रह्वक्कड्ड4 डेबिट कार्ड और ख्॥ढ्ढरू-क्कढ्ढ लेन-देन पर मर्चेंट डिस्काउंट रेट जीरो कर दिया गया था। अब, इस नई इंसेंटिव योजना से दुकानदारों को क्कढ्ढ पेमेंट लेने के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।
क्या है सरकार का मकसद?
सरकार के मुताबिक दुकानदारों के लिए आसान, सुरक्षित और तेज पेमेंट मोड आज के जमाने में यूपीआई है. इससे पेमेंट करने पर आपके साथ ही पैसे सीधे बैंक खाते में आएंगे. बिना किसी अतिरिक्त खर्च के क्कढ्ढ सर्विस का लाभ मिलेगा. डिजिटल लेन-देन का रिकॉर्ड बनेगा, जिससे लोन मिलने में आसानी होगी. वहीं, ग्राहकों के लिए आसानी से पेमेंट करने की सुविधा, कोई एक्स्ट्रा चार्ज नहीं लगेगा ।
पिछले तीन वित्तीय वर्षों में, भारत सरकार ने डिजिटल लेनदेन प्रोत्साहन के लिए भुगतान में इतनी की है बढ़ोतरी
वित्त वर्ष 2021-22-1,389 करोड़
वित्त वर्ष 2022-23-2,210 करोड़
वित्तीय वर्ष 2023-24-3,631 करोड़