राज्यपाल के अभिभाषण पर पहली बार सत्तापक्ष की ओर से आयी आपत्ति…
रायपुर,27 फरवरी 2025 (ए)। राज्य विधानसभा में राज्यपाल के सोमवार को दिए अभिभाषण पर आज धन्यवाद चर्चा शुरू हुई। अभिभाषण पर चर्चा से पहले पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर ने राज्यपाल के उद्बोधन के एक बिंदु पर सवाल खड़े किए, जिसको लेकर स्पीकर ने सरकार से अपने जवाब में स्थिति स्पष्ट करने की व्यवस्था दी है।
किन 18 स्थानीय भाषाओं हो रही पढ़ाई..?
चर्चा शुरू होने से पहले भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने अभिभाषण के एक बिंदु पर प्रश्न उठाया और कहा कि महामहिम से ऐसा कथन नहीं कहलवाना था। चंद्राकर ने कहा कि अभिभाषण के पृष्ठ 14 में उल्लेख किया गया है कि मेरी सरकार 18 स्थानीय भाषाओं में बच्चों को स्कूलों में पढ़ाई करवा रही है। चंद्राकर ने कहा कि मैं जानना चाहता हूं कि छत्तीसगढ़ में ऐसी कौन सी 18 भाषाएं है जिसमें पढ़ाई हो रही है? यह उल्लेख टंकण त्रुटि है या सत्य है, यह सत्यापित किया जाना चाहिए। मेरा कहना है कि ‘महामहिम से ऐसा कथन नहीं कहलवाना था।’इस पर स्पीकर डॉ. रमन सिंह ने व्यवस्था दी कि सीएम सदन में मौजूद हैं, वे इसका निराकरण अभिभाषण पर चर्चा का उत्तर देंगे तब इस पर प्रकाश डालेंगे। जानकारों का कहना है कि छत्तीसगढ़ विधानसभा के 25 वर्षों में पहली बार ऐसा हुआ है, जब सत्तापक्ष की ओर से राज्यपाल के अभिभाषण के बिंदु पर आपत्ति जताई गई हो। बताते डालें कि अब तक छग विधानसभा में 24 अभिभाषण हो चुके हैं।
प्रश्नकाल में महंत और उद्योग मंत्री लखनलाल के बीच गरमा गरम बहस
चरणदास ने वित्तीय कारणों से बंद उद्योग को लेकर पूछा

बजट सत्र के तीसरे दिन प्रश्नकाल में नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत ने वाणिज्य और उद्योग मंत्री लखनलाल में वित्तीय कारणों से बंद उद्योग को लेकर गरमा गरम बहस हुई। महंत ने कहा, मैंने मंत्री जी से पूछा कि जनवरी 2024 से 25 तक कितने उत्पादन कार्य बंद हुए। जिसमें पांच उत्पादन कार्य बंद हुए, 274 लोगों को सेवा से अलग किया गया। राजनांदगांव में उत्पादन केंद्र बंद किया। उद्योग मंत्री से सवाल है कि खनिज से संबंधित एक जिले के पांच उत्पादन कार्य बंद हुए, सभी वित्तीय कार्यों से बंद हुए। महंत ने पूछा, इन लोगों को आपने सहयोग क्यों नहीं किया।
मंत्री लखनलाल ने जवाब देते हुए कहा उद्योग विभाग के अनुसार जो सब्सिडी दी जाती है वो दी गई है। पांचों को ब्याज अनुदान में 75 लाख 31 हजार और स्थायी पूंजी में 60 लाख की सहायता दी गई। अपने 2023 में भी कांग्रेस के शासन काल में 18 उद्योग बंद हुए। रमन सिंह के मुख्यमंत्री के कार्यकाल में पांच साल में 27 उद्योग बंद हुए, किसी का उद्योग नहीं चल पाता है तो बंद कर देते हैं।
जल स्रोत के बिना ही 653 गांव में
बिछा दी पाइप लाइन और बना दी टंकी…
विधायक चंद्राकर के सवाल पर घिरे मंत्री साव

जल जीवन मिशन के तहत प्रदेश के 653 गांव में बिना जल स्रोत के ही पाइप लाइन बिछा दी गई और पानी टंकी भी बना दिया गया है। जब जल स्रोत ही नहीं है तो लोगों के घरों तक
जल आपूर्ति भी नहीं हो रही है। भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने प्रश्नकाल के दौरान जब यह मुद्दा उठाया, तब डिप्टी सीएम व विभागीय मंत्री अरुण साव घिरे रहे। इस मुद्दे पर सवालों का संतोषजनक जवाब ना मिलने पर कांग्रेस ने बर्हिगमन भी किया।
प्रदेश में राजस्व के 1 लाख 49 हज़ार 479 प्रकरण लंबित : राजस्व मंत्री
विधानसभा में विधायक अजय चंद्राकर, उमेश पटेल, शकुंतला पोर्ते ने ध्यानाकर्षण के जरिए लम्बित राजस्व मामला का मुद्दा उठाया। भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने कहा भुईंया पोर्टल भी लगता है कि किसानों को परेशान करने के लिए बनाया गया है. 35 फीसदी डाटा की ग़लत एंट्री की है। राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा ने कहा भू-अभिलेख में त्रुटि सुधार का अधिकार एसडीएम और तहसीलदार के पास है। पूर्व सरकार ने इसे एसडीएम तक सीमित कर दिया था। नए संशोधन में यह अधिकार अब तहसीलदार को भी दिया गया है। कोई भी व्यक्ति ऑनलाइन अपनी जमीन संबंधित जानकारी देख सकता है. राज्य में 1 लाख 49 हज़ार 479 राजस्व प्रकरण लंबित हैं।