- फर्जी दस्तावेज धारकों का चयन सूची में नाम,पीडि़त अभ्यार्थियों ने कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन
- पद को निरस्त करने की मांग

- ओंकार पांडेय-
सूरजपुर,28 सितम्बर 2023 (घटती-घटना)। छाीसगढ़ राज्य में जहां एकतरफ ष्टत्रक्कस्ष्ट भ्रष्टाचार का मामला गरमाया हुआ है. वहीं दूसरी तरफ सूरजपुर जिले में संविदा भर्ती भ्रष्टाचार का भेंट चढ़ गया है. सूरजपुर जिले में डीएमएफ योजना के तहत पशु चिकित्सा सुविधाओं को सुदृढ़ करने हेतु 27 पद क्षेत्रीय पशु चिकित्सा अधिकारी का संविदा नियुक्ति हेतु विज्ञापन जारी किया गया था. जिसमें योग्य पीडि़त अभ्यार्थियों ने चयनित समिति के ऊपर अनियमितता व भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए सूरजपुर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है.
अपने चहेते अभ्यार्थियों से अवैध लाभ प्राप्त कर नियुक्ति
ज्ञापन में पीडि़त अभ्यार्थियों ने कहा है
कि छाीसगढ़ के जिला सूरजपुर में प्रशासन द्वारा डी. एम. एफ. योजना के तहत सहायक पशु चिकित्सा क्षेत्राधिकारी की नियुक्ति की जा रही है संविदा भर्ती में अपने चहेते अभ्यर्थियों की नियुक्ति अवैध लाभ प्राप्त कर की जा रही है.
फर्जी दस्तावेज धारकों का
चयन सूची में नाम
पीडि़त अभ्यार्थियों का कहना है कि अभ्यर्थियों द्वारा फर्जी दस्तावेज के सहारे नौकरी प्राप्त की जा रही है। विभाग के द्वारा चयन सूची जारी किया गया है जिसमें कुछ अभ्यार्थियों का फर्जी दस्तावेज होते हुए भी चयन सूची में उनका नाम रखा गया है. जबकि यह चयन सूची चयन समिति के द्वारा दस्तावेज परिक्षण कर ,साक्षत्कार व इंटरव्यू के बाद बहुत बारीकी से तैयार किया गया है. पीडि़त अभ्यार्थियों का कहना है कि इतना सब बारीकी जांच के बाद इतना बड़ा गलती क्यों किया किया गया है. मतलब साफ है कि चयन समिति के द्वारा घोर भ्रष्टाचार व भारी अनियमितता बरती गई है. शायद भ्रष्टाचार के लिए साक्षात्कार व इंटरव्यू रखा गया था.
जिनका नंबर अधिक उन्हें
इंटरव्यू में दिया गया कम नंबर
जबकि इससे पहले पशु स्वास्थ्य विभाग में संविदा नियुक्ति हेतु कभी नहीं इंटरव्यू रखा गया था और यहां इंटरव्यू भी हुआ तो उसमें जिन अभ्यर्थियों का 12वीं व डिप्लोमा में ज्यादा नंबर है उन्हें इंटरव्यू में कम नंबर दिया गया है. जबकि पीडि़त अभ्यार्थियों का कहना है कि उन्होंने सभी सवालों का जवाब अच्छी तरह से दिया है तो कम नंबर कैसे दिया गया? ऐसे में योग्य उम्मीदवारों का चयन नहीं हो पा रहा है और योग्य उम्मीदवार चयनित होने से वंचित हो जा रहे हैं और उनका भविष्य अंधकारमय हो जा रहा है। उक्त नियुक्ति को प्रशासनिक स्तर पर कमेटी चयन कर किया जाना उचित होगा तथा जिन भी अभ्यर्थियों के द्वारा फर्जी दस्तावेजों का सहारा लिया जा रह है उनके विरूद्ध कठोर से कठोर कार्यवाही किया जाए वहीं तत्काल पद को निरस्त किया जाए और योग्य अभ्यर्थियों का चयन किया जाए. अन्यथा सभी अभ्यर्थी उग्र आन्दोलन हेतु बाध्य होंगे. जिसका जिम्मेदार शासन व जिला प्रशासन होगा। ज्ञापन सौंपने में आशीष कुमार, ललीता पैकरा, मुस्कान कुमारी कसेरा, दीपा कुशवाहा, पूर्णिमा सिंह, धनेश्वर , चन्द्रजीत सिंह व भारी संख्या में युवा उपस्थित रहे।