सिटी हॉस्पिटल एवं बीजेपी पार्षद के आवेदन पर नेता प्रतिपक्ष के पेट्रोल पंप के सामने बने डिवाईडर को ही क्यों तुड़वाया गया?
-राजा मुखर्जी-
कोरबा, 05 जुलाई 2023 (घटती-घटना)। नगर निगम द्वारा कोरबा शहर के बढ़ते ट्रैफिक को देखते हुए मुख्य मार्गो को दो भागों में विभाजित करते हुए मुख्य मार्ग के बीच में कोरबा आईटीआई चौक से लेकर कोरबा ओवरब्रिज तक डिवाइडर का निर्माण सौंदर्य एवं ट्रैफिक व्यवस्था दुरुस्त रखने के दृष्टि से बनाया गया है । इसी कड़ी में निहारिका सुभाष चौक से लेकर निर्मला स्कूल चौक के बीच नवनिर्मित पेट्रोल पंप के सामने बने डिवाइडर को बीते दिनों रात के अंधेरे में निगम द्वारा तोड़ दिया गया जिसे देख शहर के लोगों में यह प्रश्न उठने लगा है के एक तरफ प्रशासन और नगर निगम सड़क सुरक्षा की बात करते है और दूसरी तरफ रात के अंधेरे में इन डिवाइडर को तोड़ा जाता है,तो क्या कोरबा के रहवासियों की जान इतनी सस्ती हो गई है के जनविरोध से बचने के लिए रात के अंधेरे का सहारा लिया गया । यदि लिया गया तो जन सुरक्षा को दरकिनार कर आदेश दिया कौन ? साथ ही डिवाइडर के हटने से होने वाले दुर्घटना का जिम्मेदार होगा कौन ?
निगम अधिकारी ने डिवाइडर तोड़ने का ठीकरा फोड़ा पार्षद और हॉस्पिटल संचालक पर
इस विषय पर निगम के अधिकारी से पूछे जाने पर कहा के निगम के पार्षद एवं सिटी हॉस्पिटल के संचालक ने आवेदन कर मांग की थी कि लोगों के आने जाने के लिए डिवाइडर को हटाया जाए जिसपर यह कदम उठाया गया है द्य यदि यही कारण है तो क्या हर गली मोहल्लों की तरफ जाने वाले रास्तों के सामने बने डिवाइडर को तोड़ा जाएगा ?
छत्तीसगढ़ी क्रांति सेना ने मामले में नेता प्रतिपक्ष पर एफआईआर दर्ज करने की मांग
छत्तीसगढ़ी क्रांति सेना ने मामले को संज्ञान में लेते हुए जनता की जान मॉल के खतरे को देखते हुए इसका विरोध किया साथ ही निगम के अधिकारियों को कहा है के जल्द से जल्द इसे पुनः बनाया जाए अन्यथा आंदोलन का रुख अपनाया जाएगा । उन्होंने भाजपा नेता हितानंद अग्रवाल पर एफ.आई.आर. दर्ज करने की मांग करते हुए कहा कि भाजपा नेता हितानंद अग्रवाल ने कोसा बाड़ी में संचालित अपने पेट्रोल पंप के लिए रास्ता बनाने के उद्देश्य से नगर पालिक निगम के द्वारा लोगों की सुरक्षा के लिहाज से बनाए गए सड़क डिवाइडर को रातों-रात तोड़कर आने जाने वाले लोगों की जान को जोखिम में डालकर दुर्घटनाओं की आशंका को और ज्यादा बढ़ा दिया है ऐसे में शहर के चर्चित भाजपा नेता की दबंगई, जन चर्चा का विषय भी बना हुआ है कि आखिरकार कांग्रेस के राज में भाजपा नेता हितानंद की ऐसी दबंगई वाली कारोबारी करतूतों के क्या मायने हो सकते हैं ।
आपको बता दें कि आए दिन जिले में दुर्घटनाओं से लोगों की जा रही है जान इसके बावजूद इस तरह से डिवाइडर का तोड़ा जाना कहीं पेट्रोल पंप संचालक को लाभ पहुंचाना तो नहीं , क्योंकि आवेदन सिटी हॉस्पिटल के संचालक द्वारा दिया गया पर डिवाइडर जहां से जहां तक तोड़ा गया वह सम्पूर्ण क्षेत्र पेट्रोल पंप के सामने का भाग है जो सिटी हॉस्पिटल से काफी दूर है । वहीं लोगों का कहना है की पेट्रोल पंप के सामने डिवाइडर होने से इस पंप में बड़ी गाडि़यों का आवाजाही नही हो पा रहा था जिससे पेट्रोल संचालक को इसका लाभ नही मिलता था जिसके कारण जनता से संबंधित सुरक्षा को दरकिनार कर डिवाइडर को ही हटा दिया गया। वार्ड नंबर 19 एवं 28 के पार्षद द्वारा जो आवेदन दिया गया वह भी समझ से परे है क्योंकि यदि लोगों द्वारा डिवाइडर से घूम कर अपने गंतव्य तक नही पहुंचा जा सकता तो ऐसे में सारे शहरों के डिवाइडर को निगम द्वारा हटाना पर जायेगा ।
ऐसे में प्रश्न यह उठता है के क्या निगम उन संचालकों के भी डिवाइडर तुड़वाने का आवेदनों को स्वीकारेगी जिनके हॉस्पिटल / दुकान / मॉल / रेस्टोरेंट /बैंक के सामने डिवाइडर मौजूद है । अगर स्वीकारती है तो निगम को ट्रांसपोर्ट नगर के कमर्शियल कॉम्प्लेक्स पर भी विचार करना चाहिए क्योंकि यदि कॉम्प्लेक्स के सामने डिवाइडर न होता तो आगजनी के वक्त रेस्क्यू के कार्य को सहूलियत के साथ और अधिक तेजी किया जा सकता था ।
