अंबिकापुर,08 मई 2023 (घटती-घटना)। 5 -6 मई को सक्रिय हुए पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के कारण क्षेत्र में धूल भरी तेज आंधी – गरज चमक बौछार की संभावना है। मौसम विज्ञानी एएम भट्ट के अनुसार एक चक्रवाती परिसंचरण दक्षिण – पूर्वी बंगाल की खाड़ी और इसके समवर्ती दक्षिण अंडमान सागर के ऊपर मध्य क्षोभमंडल तक विस्तारित है। सोमवार को इसी क्षेत्र में इस परिसंचरण के न्यून वायुदाब क्षेत्र में विकसित हो जाने की संभावना है। 9 मई तक संबंधित न्यून वायुदाब क्षेत्र के अवदाब और उसके अगले 24 घण्टों के दरमियान चक्रवाती तूफान में बदल जाने की परिस्थितियां प्रबल होती दिख रही है।
अंडमान द्वीप तथा दक्षिण भारत के तटीय क्षेत्रों में हवा की रफ्तार में क्रमशः वृद्धि के कारण सतर्कता की दृष्टि से विशेष चेतावनियां जारी की जा रही हैं।
चक्रवाती तूफान के निर्मित होने पर इसका नाम “मोचा / मोखा” होगा। मोचा नाम तूफानों के नामकरण की सूची में यमन द्वारा दिया गया है। यह यमन के एक लाल सागर तट पर एक बंदरगाह का नाम है।
मोचा ग्रीक भाषा का शद है जिसका अर्थ है ‘सांप की कुंडली’। दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी में बना चक्रवाती परिसंचरण आज पूर्वाह्न न्यूनदाब क्षेत्र में विकसित हो गया है। 9 व 10 मई तक यह मध्य-पूर्वी बंगाल की खाड़ी में पहुंच कर चक्रवाती तूफान में तदील हो जाएगा। मौसम विभाग के प्रारम्भिक आंकलन के आधार पर बंगाल की खाड़ी के मध्य-पूर्वी क्षेत्र से यह उार -उार पश्चिम दिशा में आगे बढ़ता हुआ 11 – 12 मई के आसपास लगातार मुड़ता हुआ उार – उार पूर्वी दिशा में बंग्लादेश -म्यामार की ओर अग्रसर हो सकता है।
