कांग्रेस सरकार ने किया सरगुजा संभाग के साथ धोखा कनिष्ठ भर्ती बोर्ड हुआ औचित्यहीन :देवेन्द्र तिवारी
- संवाददाता –
बैकुण्ठपुर,05 मई 2023 (घटती-घटना)। सुप्रीम कोर्ट ने भाजपा सरकार द्वारा लागू आरक्षण व्यवस्था को बहाल करने के बाद भूपेश सरकार अपनी झूठी वाहवाही लूटने में लगी है। वहीं सरगुजा संभाग के युवाओं के साथ शिक्षक भर्ती में बड़ा अन्याय इस सरकार ने कर दिया है। भाजपा सरकार ने स्पष्ट प्रावधान किया था कि सरगुजा संभाग में तृतीय एवं चतुर्थ श्रेणी की भर्तियां स्थानीय स्तर पर की जाएंगी। इससे सरगुजा एवं बस्तर संभाग के युवाओं को अपने ही जिलों में नौकरी की संभावना बढ़ी थी।
2019 में कांग्रेस की सरकार ने जब स्थानीय भर्ती के लिए विज्ञापन निकाला था तब हाई कोर्ट ने उस पर स्टे दिया था।इसके बाद स्थानीय भर्ती के लिए इसी सरकार ने सरगुजा में तृतीय व चतुर्थ श्रेणी की भर्ती के लिए कनिष्ठ भर्ती बोर्ड का गठन किया था और यह घोषणा की थी कि अब सभी भर्तियां संभाग स्तर पर ही होंगी।स्थानीय युवाओं को सुनिश्चित रोजगार दिया जाएगा। किंतु कनिष्ठ बोर्ड पूरी तरह औचित्यहीन हो चुका है। अभी हाल में ही सरकार ने शिक्षकों की भर्ती निकाली है उनमें शिक्षक एवं सहायक शिक्षक भर्ती को प्रदेश स्तर पर कर दिया है।इसके लिए विज्ञापन भी जारी कर दिया है। यह अनुसूचित संभाग के युवाओं के साथ बहुत बड़ा छलावा है। राज्य सरकार को सभी भर्तियां संभाग स्तर पर कनिष्ठ भर्ती बोर्ड के माध्यम से किया जाना चाहिए।युवाओं एवं संभागवासियों को राज्य सरकार के इस गलत निर्णय का विरोध करना चाहिए और इस नियुक्ति का बहिष्कार करना चाहिए।