लखनपुर@क्षुब्ध बच्ची 15 किलोमीटर पैदल चलकर पहुंची घर हुई बीमार

Share


पढ़ाई में कमजोर 11 वर्षीय बच्ची का किताब लेकर शिक्षिका ने भेजा घर


-मनोज कुमार-
लखनपुर,09 जुलाई 2022(घटती-घटना)। समाज के निर्माण में शिक्षक का अहम योगदान होता है शिक्षक छात्रों को सही राह दिखाने से लेकर उन्हें सही गलत में अंतर समझाने के लिए तैयार करते हैं। इन्हीं के सम्मान में हर साल 5 सितंबर को सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जन्म दिवस के मौके पर देश भर में शिक्षक दिवस मनाया जाता है हालांकि कुछ टीचर ऐसे भी हैं जिन्होंने अपनी हरकतों से गुरु शिष्य के रिश्ते और शिक्षा जगत को शर्मिंदा किया है कुछ ऐसा ही मामला लखनपुर गवर्नमेंट सीबीएसई इंग्लिश मीडियम स्कूल में देखने को मिला जहां एक शिक्षिका द्वारा छठवीं कक्षा की 11 वर्षीय बच्ची को पढ़ाई में कमजोर हो कहकर किताब लेकर उसे घर जाने के लिए कह दिया। जिससे छुब्ध होकर 11 वर्षीय बच्ची 15 किलोमीटर पैदल सफर कर किसी तरह अपने घर पहुची और बीमार हो गई। ग्रामीण क्षेत्र के लोग अपने बच्चों को बेहतर शिक्षा देने के लिए सरकार द्वारा शहर मैं संचालित इंग्लिश मीडियम स्कूल में दाखिला दिला रहे हैं। जिससे बच्चों को बेहतर शिक्षा मिल सके तो वही ग्राम चैनपुर निवासी एक पिता करिया राम कौशिक ने अपने 11 वर्षीय बच्ची को लखनपुर गवर्नमेंट सीबीएसई इंग्लिश मीडियम स्कूल में दाखिला दिलाया ताकि उसकी बच्ची को बेहतर शिक्षा मिल सके। लेकिन एक पिता के उम्मीद पर उस वक्त पानी फिर गया जब सीबीएससी स्कूल की शिक्षिका ने उसकी बच्ची को पढ़ने में कमजोर है कहकर किताब वापस लेकर घर जाने के लिए कह दिया। जब पिता स्कूल अपने बच्ची को लेने पहुंचे तो बच्ची स्कूल में नहीं थी। जिसके बाद पिता अपनी बच्ची को ढूंढते रहे शाम लगभग 4ः00 बजे उन्हें पता चला कि 15 किलोमीटर पैदल सफर कर उनकी बच्ची घर पहुंची और अपने परिजनों को स्कूल जाने से साफ मना कर दिया। स्कूल जाने से मना करने उपरांत और बच्ची के साथ हुई घटना के बाद से बच्ची के माता-पिता दोनों चिंतित हैं।
परिजनों ने शिक्षिका पर लगाया आरोप
11 वर्षीय बच्ची के पिता करिया राम कौशिक के द्वारा शिक्षिका पर आरोप लगाते हुए कहा गया कि स्कूल की शिक्षिका द्वारा बच्ची से पुस्तक लेकर उसे घर जाने के लिए बोला गया छुब्ध होकर बच्ची 15 किलोमीटर पैदल चलकर शाम 4ः00 बजे घर पहुंची और बीमार हो गई।स्कूल नहीं जाने की बात कही। बच्ची के साथ हुए घटना को लेकर परिजन चिंतित है ।

इस संबंध में गवर्नमेंट सीबीएससी इंग्लिश मीडियम स्कूल की शिक्षिका जयंती एक्का से चर्चा करने पर उनके द्वारा कहा गया कि बच्ची के पिता से बात हुई थी कि बच्चे पढ़ाई में कमजोर है और वह सीबीएससी कोर्स का निर्वहन कर सकेगी या नहीं जिसे लेकर उन्होंने छुट्टी उपरांत ही बच्ची से पुस्तक लिया और उसे घर जाने को कहा साथ ही उन्होंने अपनी गलती स्वीकार किया कि मुझे इस तरीके से बच्ची से पुस्तक नहीं लेना चाहिए था।
जयंती एक्का
शिक्षिका


Share

Check Also

रायपुर@ भारतमाला प्रोजेक्ट को लेकर डॉ महंत ने गडकरी को लिखी चिट्ठी

Share ्र> सीबीआई जांच की मांग भी की… परियोजना में करोड़ों के भ्रष्टाचार का लगाया …

Leave a Reply