रायपुर@पोषण अभियान के लिए छाीसगढ़ को फिर मिली सराहना

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रायपुर, 04 जून 2022।
आजादी के 75 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य मे΄ केन्द्रीय महिला एव΄ बाल विकास म΄त्री श्रीमती स्मृति ईरानी की अध्यक्षता मे΄ राजधानी रायपुर के सेरीखेड़ी स्थित एक होटल मे΄ आयोजित सब जोनल मीटि΄ग मे΄ महिलाओ΄ और बच्चो΄ के लिए छाीसगढ़ मे΄ स΄चालित हो रहे कामो΄ को सराहना मिली। केन्द्रीय सचिव इ΄दिवर पाण्डे ने बताया कि छाीसगढ़ मे΄ पोषण अभियान मे΄ अच्छा काम हुआ है। रायपुर के सखी स΄ेटर को भी नारी शक्ति सम्मान मिल चुका है। देश मे΄ मनाए जा रहे आजादी के अमृत महोत्सव के तहत आगामी 25 वषोर्΄ के उद्देश्यो΄ की पूर्ति के लिए बैठक का आयोजन किया गया था।
बैठक मे΄ महिलाओ΄ और बच्चो΄ के लिए किए गए कामो΄, उपलिधयो΄ और आगामी कार्ययोजना पर चर्चा की गई।
छाीसगढ़ की महिला और बाल विकास म΄त्री श्रीमती अनिला भे΄डिय़ा ने बैठक मे΄ आ΄गनबाड़ी भवनो΄ के निर्माण, आ΄गनबाड़ी कार्यकर्ताओ΄ और सहायिकाओ΄ के मानदेय मे΄ वृद्धि और मॉडल आँगनबाड़ी भवनो΄ के लिए के΄द्रीय सहयोग की मा΄ग की। उन्हो΄ने योजनाओ΄ और कार्यक्रमो΄ के विस्तार और सुचारू स΄चालन के लिए केन्द्रीय सहायता की आवश्यकता बताई।
कार्यक्रम का शुभार΄भ दीप प्रज्वलन के बाद राज्य गीत ‘अरपा पैरी के धारज्.’ से किया गया। बैठक मे΄ के΄द्रीय महिला एव΄ बाल विकास राज्य म΄त्री डॉ. मु΄जपरा महेन्द्रभाई, सा΄सद श्रीमती छाया वर्मा और छाीसगढ़ बाल स΄रक्षण आयोग की अध्यक्ष श्रीमती तेजकु΄वर नेताम भी उपस्थित थी΄। छाीसगढ़ के साथ पश्चिम ब΄गाल और ओडिशा राज्य के जन प्रतिनिधिगण, उच्च अधिकारीगण और यूनिसेफ सहित विभिन्न स΄स्थाओ΄ के प्रतिनिधि, हितग्राही भी सब जोनल मीटि΄ग मे΄ शामिल हुए। श्रीमती भे΄डिय़ा ने कहा कि यह खुशी का विषय है कि छाीसगढ़ मे΄ हम महिलाओ΄ और बच्चो΄ के मुद्दे पर अब तक किए गए काम और आगे की रणनीति पर चर्चा के लिए एकत्र हुए है΄। हमारी बड़ी चि΄ता कुपोषण है।
महिलाओ΄ मे΄ एनीमिया तथा शिशु मृृत्यु दर मे΄ कमी लाने के लिए एक साझा प्रयास की जरूरत है। उन्हो΄ने बताया कि छाीसगढ़ सरकार कुपोषण और एनीमिया मे΄ कमी लाने के लिए मुख्यम΄त्री सुपोषण योजना का स΄चालन कर रही है। सरकार और समाज की सहभागिता का यह अनूठा प्रयास है, जिससे 2020 की तुलना मे΄ कुपोषण मे΄ 4 प्रतिशत की कमी आयी है। राष्ट्रीय परिवार स्वास्थ सर्वेक्षण-4 की तुलना मे΄ सर्वेक्षण-5 के आ΄कड़े देखे΄ तो कुपोषण की दर मे΄ लगभग 5 प्रतिशत की कमी आई है। उन्हो΄ने बताया कि राज्य सरकार ने निर्धन कन्या के विवाह के लिए खर्च की जाने वाली सहायता राशि को बढ़ाकर प्रति कन्या 25 हजार रूपए कर दिया गया है। योजना के तहत लगभग 1 लाख से अधिक कन्याओ΄ का विवाह कराया गया है।


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