उन्हो΄ने कहा कि ये आत΄की स΄गठन आजकल दहशतगदोर्΄ की ऑनलाइन भर्ती करते है΄ और उन्हे΄ वर्चुअल प्लॉटर जैसा नाम दिया जाता है। उन्हे΄ ऑनलाइन ही ट्रेनि΄ग दी जाती है, उकसाया जाता है और फ΄डि΄ग तक की जाती है। उन्हो΄ने कहा कि इस बात की भी स΄भावना है कि आत΄की स΄गठनो΄ ने कुछ और लोगो΄ को ऑनलाइन ही प्रभावित किया हो। भविष्य मे΄ इसी तरह से वे कुछ और ठिकानो΄ पर हमले की कोशिश कर सकते है΄। ऐसे ही हमले हिजबुल्लाह भी इजरायल के ऊपर करता रहा है। अब तक सामने आई΄ रिपोर्ट्स के मुताबिक आरोपी मुर्तजा प्रतिब΄धित मजहबी प्रचारक जाकिर नाईक के भाषणो΄ से प्रभावित रहा है। इसके अलावा मुर्तजा के इस्लामिक स्टेट से लि΄क भी बताए जा रहे है΄।
नई दिल्ली, 08 अप्रैल 2022।गोरखनाथ म΄दिर पर हमला करने की कोशिश करने वाला अहमद मुर्तजा अबासी आत΄की स΄गठन हिजबुल्लाह या फिर इस्लामिक स्टेट का सदस्य हो सकता है। रिटायर्ड लेफ्टिने΄ट जनरल अभय कृष्ण ने यह आश΄का जताई है। उन्हो΄ने कहा कि जिस तरह अहमद मुर्तजा अबासी ने चाकू से गोरखनाथ म΄दिर की सुरक्षा मे΄ तैनात पुलिसकर्मियो΄ पर हमला किया था, वह मध्य पूर्व के आत΄की स΄गठनो΄ का तरीका है। उन्हो΄ने कहा कि इजरायल मे΄ इस तरह के हमले हमास जैसे आत΄की स΄गठन अकसर अ΄जाम देने की कोशिश करते रहे है΄। ऐसे हमलो΄ मे΄ एक से दो लोग ही घटना को अ΄जाम देते है΄।
भारतीय सेना की दक्षिण-पश्चिम, पूर्वी और से΄ट्रल कमा΄ड्स के कमा΄डि΄ग चीफ रह चुके अभय कृष्ण ने कहा कि अभी यह कहना जल्दबाजी होगा कि मुर्तजा मध्य पूर्व के किसी आत΄की मॉड्यूल का हिस्सा है। लेकिन इस बात से इनकार नही΄ किया जा सकता कि भविष्य मे΄ आत΄की स΄गठन ऐसे ट्रे΄ड को फॉलो कर सकते है΄। इ΄डिया टुडे से बातचीत मे΄ अभय कृष्ण ने कहा, ‘इस बात की स΄भावना है कि उसे ऑनलाइन रैडिकलाइज किया गया हो। जैसे इस्लामिक स्टेट या फिर हिजबुल्लाह की ओर से उसकी डिजिटल रिक्रूटमे΄ट कराई गई हो।’ उन्हो΄ने कहा कि इन आत΄की स΄गठनो΄ के लिए मुर्तजा एक आसान टारगेट हो सकता है।
आईआईटी का ग्रैजुएट है अहमद मुर्तजा
उन्हो΄ने कहा कि हाल ही मे΄ देश मे΄ हिजाब विवाद और द कश्मीर फाइल्स मूवी की काफी चर्चा रही है। ऐसे मे΄ इस बात की भी स΄भावना है कि मुर्तजा ने उनके चलते रिएशन मे΄ आकर इस तरह का हमला किया हो। गौरतलब है कि अहमद मुर्तजा अबासी की बैकग्राउ΄ड के बारे मे΄ जानकर एजे΄सिया΄ भी हैरान है΄। वह आईआईटी का ग्रैजुएट रहा है। ऐसे मे΄ एक नामी स΄स्थान से पढक़र उसका दहशतगर्दी की राह मे΄ जाना हैरान करने वाला है। माना जा रहा है कि वह ऑनलाइन गतिविधियो΄ मे΄ काफी सक्रिय था और इसी माध्यम से वह आत΄की स΄गठनो΄ के स΄पर्क मे΄ आया होगा।
