-नगर संवाददाता-
कोरबा,11 मार्च 2022(घटती-घटना)। बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं को लेकर अंचल में ख्यातिमान पाली स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में उपचार को लेकर एक और बड़ा बदलाव हुआ है। जिसमे विशेषज्ञ चिकित्सकों के माध्यम से प्लास्टिक सर्जरी व जटिल ऑपरेशन की सुविधा को भी शामिल किया गया है, जिसका पूरा- पूरा लाभ जरूरतमंद मरीजों को मिलने लगा है। बता दें कि सीएचसी पाली में सर्जन की कमी के कारण पूर्व में जटिल ऑपरेशन की व्यवस्था न रहने से अस्पताल में आने वाले मरीजों को मजबूरीवश बाहर रेफर किया किया जाता था, ऐसे में उन मरीजों को शहर के निजी हॉस्पिटलों का सहारा लेना पड़ता था। जहां इलाज के लिए गरीब और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के मरीज उधार में रकम लेकर अथवा खेत/घर गिरवी रखकर भारी- भरकम खर्च में अपना इलाज कराते थे। जिससे वे स्वस्थ तो होते लेकिन उनकी आर्थिक हालात बिगड़ जाती। लेकिन अब जरूरतमंद मरीजों को बाहर रेफर करने की आवश्यकता महसूस नही होगी, क्योंकि पाली सीएचसी में जटिल आपरेशन से लेकर प्लास्टिक सर्जरी तक की स्वास्थ्य सेवा अब शुरू हो गई है, और यह आवश्यक सेवा शासकीय अस्पताल में पहुँचने वाले मरीजों के उपचार की समुचित व्यवस्था के तहत शासकीय तौर पर सुनिश्चित की गई है। इस संबंध पर बीएमओ डॉ सी.एल. रात्रे ने बताया कि पाली अस्पताल में आधुनिक ऑपरेशन थियेटर बनाए गए है और प्रकाश, उपकरण ,दवा, एवं अन्य संसाधनों की व्यवस्था की गई है, जहां गंभीर बीमारियों का ऑपरेशन शुरू किया गया है, जिसमे अस्पताल के तीन विशेषज्ञ सर्जन डॉक्टर शक्ति डिक्सेना, हेमंत पैकरा व सौरभ गुप्ता की टीम द्वारा मिलकर अपेंडिक्स, स्तन में गांठ, पथरी, हर्निया, पाइल्स, हाइड्रोसील, पित्त की थैली निकालना, पुरुष नसबंदी व इमरजेंसी में आंत की सर्जरी जैसी जटिल ऑपरेशन की सेवा प्रदान की जा रही है। इसी प्रकार महिलाओं से संबंधित रोग में नार्मल व सिजेरियन डिलीवरी, बच्चेदानी का आपरेशन, नसबंदी सहित स्त्रीरोग संबंधी सभी बीमारियों का भी उपचार एवं सर्जरी की सुविधा दी जा रही है, साथ ही साथ प्लास्टिक सर्जरी जैसी महत्त्वपूर्ण स्वास्थ्य सेवा भी प्रदान की जा रही है। यहां के अन्य चिकित्सक डाँक्टर अनिल सराफ, सौम्या गुप्ता, काजल नारंग, सुखचैन कश्यप, अवधेश सिंह, आयुर्वेद चिकित्सक डॉ अंसारी जिनके द्वारा भी अस्पताल में पहुँचने वाले मरीजों का बेहतर उपचार करते हुए पीड़ित मानवता की सेवा में अपने दायित्वों का भलीभांति निर्वहन कर रहे है। बेहतर उपचार व चिकित्सा सुविधा को लेकर इस अस्पताल में दिनों- दिन मरीजों की संख्या बढ़ती जा रही है, जो यहां के उपचार से स्वस्थ हो रहे है। लेकिन इस सबके बीच यहां हड्डी व शिशु रोग विशेषज्ञ की कमी बनी हुई है। जिसके कारण इनसे संबंधित पीड़ितों को मजबूरन स्थानीय अथवा बाहरी निजी चिकित्सालयों में जाकर उपचार कराना पड़ता है। वही अस्पाल में सोनोग्राफी एवं डिजिटल एक्सरे मशीन भी उपलब्ध नही है, जिस परीक्षण के लिए भी बाहरी दौड़ लगानी पड़ती है। जिनकी आवश्यकता महसूस की जा रही है। यदि इस अस्पताल को उक्त चिकित्सक व सुविधाएं मुहैया हो जाए तो यकीनन यह चिकित्सालय जिले भर में मील का पत्थर साबित होगा।
