एमसीबी नवीन जिला होगा कोरिया से बड़ा जिला,क्षेत्रफल सहित कई मामलों में कोरिया जिले से हुआ वृहद
राजपत्र अधिसूचना जारी होते ही शुरू हुआ सोशल मीडिया वार,जिले मामले में दो विधायकों की वाह-वाही एक की हो रही है आलोचना

रवि सिंह-
बैकु΄ठपुर 16 नवम्बर 2021(घटती-घटना)। 15 अगस्त 2021 आजादी का 75 वीं वर्षगांठ जब देश प्रदेश सहित कोरिया जिले के लोग भी आजादी का जश्न मनाने में मशगूल थे छत्तीसगढ़ शासन के मुख्यमंत्री ने प्रदेश में चार नवीन जिलों की घोषणा यह कहते हुए कर दी कि प्रदेश में जिलों का विकेंद्रीकरण आवश्यक है जिससे विकास की संभावना प्रत्येक क्षेत्र तक बनी रह सके, मुख्यमंत्री की घोषणा 3 जिलों के हिसाब से तो स्वीकार्य रही वहां के रहवासियों का विरोध भी सामने नहीं आया लेकिन मनेंद्रगढ़ नवीन जिले की घोषणा के पश्चात से ही संयुक्त रूप से अभी तक विद्यमान अलग हो रहा कोरिया जिला साथ ही नवीन मनेंद्रगढ़ जिला दोनों में भारी विरोध व जन आक्रोश उत्पन्न हो गया और जगह जगह आंदोलनों की बाढ़ सी आ गई जिसमें प्रारंभ में नवीन जिला मनेंद्रगढ़ के नाम को लेकर ही पहला विरोध चिरिमिरी सहित भरतपुर वासियों ने दर्ज किया जिसका निराकरण स्वयं मुख्यमंत्री को जिले का नाम विस्तृत करते हुए मनेंद्रगढ़, चिरिमिरी, भरतपुर (एमसीबी) रखकर करना पड़ा जिसके लिए सैकड़ों की संख्या में नवीन जिले में शामिल हो रहे क्षेत्रों के जनप्रतिधि व आम लोगों ने रायपुर पहुंचकर दो विधायकों के नेतृत्व में मुख्यमंत्री से मुलाकात की और मांग रखी।
चिरिमिरी को जिला मुख्यालय बनाए जाने की भी जारी रही मांग
नवीन जिला एमसीबी नामकरण होते ही फिर नवीन जिले एमसीबी में शामिल होने जा रहे चिरिमिरी नगर निगम में चिरिमिरी शहर को जिला मुख्यालय बनाने की मांग ने जोर पकड़ा और आंदोलन जारी हुआ, आंदोलन के दौरान 50 से ज्यादा लोगों ने पैदल चलकर रायपुर पहुंचकर प्रदेश के मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपनी बात भी रखी लेकिन वहां उन्हें पूर्व तय मुख्यालय का मामला समझाया गया और उन्हें खाली हांथ लौटना पड़ा।
बैकुंठपुर में भी दो महीनों तक चला जिला बचाव अभियान आंदोलन
कोरिया जिले से अलग करते हुए नवीन एमसीबी जिले की घोषणा का कोरिया जिला मुख्यालय बैकुंठपुर में भी विरोध हुआ वहीं कोरिया जिले का विभाजन रोका जाए या कम से कम खड़गवां को सोनहत सहित कोरिया जिले में रहने दिया जाए इस मांग के साथ जिला बचाव संघर्ष समिति बनाकर दो माह तक आंदोलन व अनशन किया गया जिसमें बढ़ चढ़कर कोरिया वासियों ने साथ ही समाज सहित राजनीतिक व विभिन्न संगठनों ने सहयोग भी दिया, दो माह बाद शहर सहित कोरिया जिले के सर्वदलीय बने जिला बचाव संघर्ष समिति के सदस्यों की मुलाकात बैकुंठपुर विधायक अम्बिका सिंहदेव के नेतृत्व में प्रदेश के मुख्यमंत्री से रायपुर में हुई जिसमें मुख्यमंत्री ने साफ साफ कहा कि आंदोलन समाप्त करें कोरिया जिले के साथ अन्याय नहीं होगा।
स्वयं बैकुंठपुर विधायक ने मुख्यमंत्री के आश्वासन पर समाप्त कराया था धरना
कोरिया जिले में जारी दो माह तक चला धरना मुख्यमंत्री के आश्वासन पर बैकुंठपुर धरना मंच पर पहुंचकर यह कहते हुए स्वयं बैकुंठपुर विधायक ने समाप्त कराया था कि जिले के साथ अन्याय नहीं होगा यह मुख्यमंत्री का वादा है।
खड़गवां क्षेत्र की मंशा बैकुंठपुर (कोरिया) जिले में शामिल होने की रही
खड़गवां विकासखण्ड के अधिकांश ग्राम पंचायतों साथ ही जनपद पंचायत खड़गवां के सामान्य सभा ने बाकायदा ग्राम सभाओं व सामान्य सभा मे प्रस्ताव पारित कर कोरिया जिले के साथ ही बने रहने की मंशा साफ तौर पर जारी की वहीं खड़गवां क्षेत्र के लोगों ने बैकुंठपुर में जारी धरना में लगातार उपस्थिति बनाकर भी कोरिया जिले के साथ रहने की अपनी इक्षा जाहिर की थी।
मनेंद्रगढ़ में शामिल हुआ खड़गवां,राजपत्र में अधिसूचना हुई जारी
खड़गवां विकासखण्ड कोरिया जिले से अलग होकर नवीन जिले एमसीबी में शामिल होगा यह राजपत्र अधिसूचना में स्पष्ट कर दिया गया है शासन की तरफ से ,वहीं अब एमसीबी नवीन जिला बड़े क्षेत्रफल के साथ अस्तित्व में आएगा यह तय हो गया।
कोरिया जिला प्रदेश के सबसे छोटे जिलों के तौर पर पायेगा पहचान
एमसीबी नवीन जिले में खड़गवां विकासखण्ड के शामिल होते ही अब कोरिया जिला प्रदेश के सबसे छोटे जिले के रूप में अपनी पहचान नए तौर पर कायम करेगा, 2 विकासखण्ड 4 थानों का कोरिया जिला शायद छोटे जिलों के तौर पर प्रदेश का पहला जिला होने का भी दर्जा न प्राप्त कर ले यह भी संभावना बनी हुई है।
सोशल मीडिया पर जारी है आलोचना
कोरिया जिले को प्रदेश के छोटे जिले के तौर पर स्थापित किये जाने को लेकर अब कोरिया जिला वासी सोशल मीडिया पर जमकर भड़ास निकाल रहें हैं, कोरिया जिले वासियों के आक्रोश का सोशल मीडिया पर बाढ़ सा आया हुआ है और सभी लोग अपने अपने तरीके से आक्रोश जाहिर कर रहें हैं।
न्यायालय की शरण मे जाएंगे कोरिया जिला वासी,क्या होगा न्यायालय जाने का आधार
कोरिया जिले के विभाजन साथ ही नवीन एमसीबी जिले में खड़गवां विकासखण्ड के भी शामिल होने की खबर से कोरिया जिला वासी आहत हैं वह न्यायालय की शरण में जाने की तैयारी में हैं, कोरिया जिले के लोग अब न्यायालय में जिलेवासियों की तरफ से प्रतिनिधियों की यह तैयारी है कि कोरिया जिले का विभाजन विधि विरुद्ध साबित करने के तथ्यों के साथ न्यायालय की शरण ली जाएगी और विभाजन को स्थगित कराने प्रयास किया जाएगा।