अम्बिकापुर 14 नवम्बर 2021 (घटती-घटना)। सरगुजा राष्ट्रवादी मंच के तत्वावधान में केदारपुर चौक पर महेन्द्र सिंह टुटेजा, अजय तिवारी, डीके सिंह, पपिन्दर सिंह पबियाल व अनुराग सिंहदेव के आतिथ्य में बाल दिवस को नवस्वरूप प्रदान करते हुए कार्यक्रम का आयोजन किया गया। भारत के गौरवशाली इतिहास के महान बलिदानी चार साहिबज़ादों अजीत सिंह, जुझार सिंह, जोरावर सिंह, फतह सिंह व खुदीराम बोस, जिन्होंने सनातन संस्कृति और धर्म की रक्षा हेतु बाल्य अवस्था में ही विधर्मियों द्वारा क्रूररतम यतनाओं को सहते हुए सर्वस्व बलिदान का इतिहास रचा, ऐसे बलिदान को बालकों के लिए प्रेरणा मानते हुए उनके वीरगाथा के इतिहास को जन-जन तक पंहुचाने के संकल्प के साथ बाल दिवस का कार्यक्रम हुआ। कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए महेन्द्र सिंह टुटेजा ने चार साहिबजादों व गुरु तेग बहादुर के बलिदान के घटनाक्रम का विस्तृत व मार्मिक वर्णन किया।अजय तिवारी ने कहा कि चारों साहिबजादों द्वारा बाल्य अवस्था में दिए गए बलिदान को सम्मानित करने के लिए बाल दिवस ही एक उचित अवसर है। आज सरगुजा राष्ट्रवादी मंच ने बाल दिवस को इन शहीदों के नाम कर एक महान परम्परा का सूत्रपात किया है। इस अवसर पर अनुराग सिंह देव ने कहा कि जो देश अपने पूर्वजों के बलिदान, इतिहास व संस्कृति को याद रखता है, वही शक्तिशाली, समृद्ध व अखण्ड राष्ट्र बन सकता है। प्रणव चक्रवर्ती ने शहीद खुदीराम बोस के लिए अपने श्रद्धांजलि गीत से सभी को भावुक कर दिया। देवराज बाबरा ने भी अपनी रचना द्वारा सभी बाल शहीदों को भावुक श्रद्धांजलि प्रदान की। इसके अतिरिक्त कार्यक्रम के संयोजक राकेश तिवारी, निलेश सिंह, विवेक दुबे ने भी सम्बोधित किया। कार्यक्रम का संचालन विनोद हर्ष ने व आभार प्रदर्शन करते हुए सह सहसंयोजक वेदान्त तिवारी ने सबसे पहले शहर के लोकप्रिय युवा संजीत सिंह के असमय चले जाने पर उन्हें श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर कैलाश मिश्रा, पीयूष कुमार त्रिपाठी, नरेंद्र सिंह टुटेजा, निश्चल सिंह, शैलेश सिंह, संतोष बिहाड़े, अनिल जायसवाल, नीरज वर्मा, सुमित मिश्रा, अंकित जायसवाल, सतपाल सिंह अरोरा, रिंकू त्रिपाठी, रामप्रवेश पांडेय, राजेश सिंह, स्वरूप कांत थॉमस, हरपीत छाबड़ा, मनीष सिंह, शानू कश्यप, विनायक पांडेय, वीर सोनी, अमित पांडेय, अनुराग शुक्ला, किशोर बघेल, अमोघ कश्यप, आशिता, रुद्रांग सहित गणमान्य प्रबुद्धजन उपस्थित थे।
