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Thursday 21 Feb 2019 08:02 AM

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रायपुर,@ 2 से 4 सीट का अंतर डाल सकता है भाजपा



रायपुर,@ 2 से 4 सीट का अंतर डाल सकता है भाजपा 04-12-18 11:12:12

जोगी कांग्रेस-बसपा गठबंधन की स्थिति कुछ सीटों पर मजबूत
रायपुर, 04 दिसम्बर 2018 (ए)।
विधानसभा चुनाव परिणाम को लेकर अब राजनीतिक पंडितों ने नया आंकड़ा पेश कर भाजपा-कांग्रेस की चिंता बढ़ा दी है। चुनाव परिणाम में यदि सीटों की संख्या बराबर हुआ अथवा एक-दो सीट का भी अंतर आया तो सरकार बनाने के लिए जोगी कांग्रेस-बसपा गठबंधन और भाकपा से समर्थन लेना दोनों ही दलों की मजबुरी होगी।
राज्य की 90 सीटों वाले विधानसभा चुनाव में इस बार जोगी कांग्रेस और बसपा के गठबंधन के साथ ही भाकपा ने भी दमदारी से चुनाव लड़ा है। जोगी कांग्रेस और बसपा गठबंधन से यदि 6-8 सीट भी जीत ली जाती है और भाकपा के खाते में भी यदि दो सीट आ जाती है तो भाजपा-कांग्रेस के चुनावी समीकरण पूरी तरह से ध्वस्त हो जाएगा। दोनों ही दलों ने गठबंधन से इंकार किया है। ऐसे में यदि भाजपा और कांग्रेस को बराबर सीटें मिलती अथवा एक-दो सीटों का अंतर आताा है तो भी सरकार बनाने के लिए सहयोग लेना मजबुरी हो जाएगी। ऐसे में सहयोग करने वाली पार्टी अपनी शर्तों पर दोनों ही दलों को झुकाने का माद्दा रखती है।
इधर राजनीति के जानकारों का कहना है कि वर्तमान परिस्थितियां इसी ओर इशारा कर रही है। राज्य की भाजपा सरकार पूर्व में 65 प्लस का नारा दे रही थी। लेकिन प्रदेशवासियों के अब तक के रूझान और मतदान पश्चात हुए आंकलन के बाद भाजपा नेताओं के सुर बदल चुके हैं। भाजपा के नेता पूर्ण विश्वास से यह नहीं कह पा रहे हैं कि पिछले तीन बार की तरह चौथी बार भी उनकी पार्टी को पूर्ण बहुमत मिलेगी। दूसरी ओर इस मामले में कांग्रेस पूरी तरह से आश्वस्त नजर आ रही है। हालांकि कांग्रेस को ईवीएम में और मतगणना के दौरान गड़बड़ी की आशंका अभी भी खाए जा रही है। यही वजह है कि कांग्रेस लगातार अपने पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से सर्तक रहने कह रही है। इन सब से जुदा जोगी कांग्रेस-बसपा गठबंधन और भाकपा शांत है। गठबंधन दल के साथ ही भाकपा के लोगों को पूरा विश्वास है कि राज्य में अब सरकार बनाने के लिए उनका सहयोग जरूरी हो जाएगा। राजनीतिक के जानकार भी मानते हैं कि भाजपा-कांग्रेस में कांटे की टक्कर जरूर है, लेकिन यदि सीटों का बंटवारा बराबर हो गया अथवा एक-दो सीट का भी अंतर आया तो सरकार बनाने की कमान उनके हाथ में आनी तय है। गठबंधन के साथ चुनाव लड़ने वाले जोगी कांगे्रस इस बार से संतुष्ट है कि अब बिना उनके समर्थन के सरकार नहीं बन सकती।  


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